सीधा जवाब: मोटर बीमा में कोई ग्रेस पीरियड नहीं होता। IRDAI के शब्दों में, कोई भी बीमा कंपनी प्रीमियम के लिए ग्रेस पीरियड नहीं देती, और पॉलिसी एक दिन भी बंद रही तो रिन्यू से पहले गाड़ी की जाँच (इंस्पेक्शन) होती है। अगर कॉम्प्रिहेंसिव पॉलिसी 90 दिन से ज़्यादा बंद रही, तो सालों से जमा नो-क्लेम बोनस (NCB) भी चला जाता है। और थर्ड पार्टी बीमा के बिना गाड़ी सार्वजनिक सड़क पर चलाना मोटर वाहन अधिनियम की धारा 146 के ख़िलाफ़ है।
तो सबसे पहला क़दम: जब तक पॉलिसी रिन्यू न हो, गाड़ी सड़क पर न निकालें।
- 15 दिन पहलेIRDAI की सलाह: रिन्यू के लिए बीमा कंपनी से संपर्क
- आख़िरी तारीखपॉलिसी ख़त्म; कोई ग्रेस पीरियड नहीं
- एक दिन की भी देरीरिन्यू से पहले गाड़ी की जाँच (इंस्पेक्शन), अतिरिक्त ख़र्च
- 90 दिन से ज़्यादाकॉम्प्रिहेंसिव पॉलिसी का जमा NCB ख़त्म
स्रोत: IRDAI, Motor Insurance (Policy Holder) FAQ और Non-Life पेज, अक्टूबर 2026।
थर्ड पार्टी बीमा क्यों अनिवार्य है
बंडल्ड पॉलिसी में ओन डैमेज हिस्सा आम तौर पर एक साल का होता है और अलग से रिन्यू होता है।
मोटर वाहन अधिनियम 1988 की धारा 146 कहती है कि कोई व्यक्ति सार्वजनिक जगह पर मोटर वाहन तब तक इस्तेमाल नहीं कर सकता, न किसी और को करने दे सकता है, जब तक उस इस्तेमाल के लिए अधिनियम के मुताबिक़ बीमा पॉलिसी लागू न हो। IRDAI भी यही कहता है: भारत में सार्वजनिक सड़कों पर चलने वाली हर गाड़ी के लिए थर्ड पार्टी लायबिलिटी बीमा अनिवार्य है।
यह बीमा दूसरों को हुए नुक़सान के लिए है। IRDAI के अनुसार थर्ड पार्टी की मौत या चोट के लिए कवर की कोई सीमा नहीं है, और थर्ड पार्टी की संपत्ति के नुक़सान के लिए ₹7,50,000 तक। अपनी गाड़ी के नुक़सान के लिए अलग से ओन डैमेज कवर चाहिए, जो कॉम्प्रिहेंसिव या बंडल्ड पॉलिसी में होता है। थर्ड पार्टी प्रीमियम IRDAI तय करता है और वह सभी कंपनियों में एक जैसा है।
आपकी पॉलिसी कब ख़त्म होती है
ज़्यादातर मोटर पॉलिसियाँ एक साल की होती हैं। नई गाड़ियों पर बंडल्ड पॉलिसी में थर्ड पार्टी कवर लंबा होता है: IRDAI के अनुसार नई निजी कार के लिए तीन साल और नए दोपहिया के लिए पाँच साल, जबकि ओन डैमेज हिस्सा एक साल बाद रिन्यू होता है। यही वह जगह है जहाँ लोग चूकते हैं: थर्ड पार्टी चालू है, इसलिए लगता है कि पूरी पॉलिसी चालू है।
IRDAI की सलाह है कि पॉलिसी ख़त्म होने से कम से कम 15 दिन पहले बीमा कंपनी से संपर्क करें। ऊपर का कैलकुलेटर उसी हिसाब से याद दिलाने वाली एंट्री बना देता है।
पॉलिसी ख़त्म हो गई: अब क्या
- 20% से 50%ओन डैमेज प्रीमियम पर छूट, लगातार बिना क्लेम वाले सालों के साथ
- क्लेम = शून्यक्लेम किया तो अगली पॉलिसी में NCB नहीं
- आपका, गाड़ी का नहींNCB बीमाधारक का होता है; नई गाड़ी पर ले जा सकते हैं
- 90 दिनइससे ज़्यादा पॉलिसी बंद रही तो NCB ख़त्म
स्रोत: IRDAI, अक्टूबर 2026। NCB थर्ड पार्टी प्रीमियम पर नहीं मिलता।
गाड़ी न चलाएँ। बिना बीमा गाड़ी चलाना धारा 196 के तहत दंडनीय है। 2026 में संसद ने Jan Vishwas (Amendment of Provisions) Act पारित किया, जिसने मोटर वाहन अधिनियम के कई दंड प्रावधानों को बदला है। इसलिए पुराने लेखों में लिखी चालान राशि पर भरोसा मत कीजिए; मौजूदा राशि अपने राज्य के परिवहन विभाग या echallan.parivahan.gov.in पर देखिए।
जल्द रिन्यू करें। देरी होने पर बीमा कंपनी रिन्यू से पहले गाड़ी की जाँच करती है, और IRDAI के अनुसार उसका अतिरिक्त ख़र्च आपको उठाना पड़ता है।
90 दिन का ध्यान रखें। कॉम्प्रिहेंसिव पॉलिसी 90 दिन से ज़्यादा बंद रही, तो NCB गया।
NCB: वह छूट जो देरी से चली जाती है
नो-क्लेम बोनस उन सालों का इनाम है जिनमें आपने कोई क्लेम नहीं किया। IRDAI के अनुसार यह ओन डैमेज प्रीमियम पर 20% से शुरू होकर लगातार बिना क्लेम वाले सालों के साथ अधिकतम 50% तक जाता है; थर्ड पार्टी प्रीमियम पर यह नहीं मिलता। क्लेम करने पर अगली पॉलिसी में NCB नहीं मिलता।
NCB गाड़ी का नहीं, बीमाधारक का होता है। गाड़ी बेचने पर पॉलिसी नए मालिक को जा सकती है, NCB नहीं; आप उसे अपनी नई गाड़ी पर इस्तेमाल कर सकते हैं। बीमा कंपनी बदलने पर भी NCB साथ जाता है, बशर्ते आप पुरानी कंपनी का रिन्यूअल नोटिस या NCB की पुष्टि वाला पत्र दिखाएँ। इसलिए वह नोटिस फेंकिए मत।
काग़ज़ी कॉपी, mParivahan और दुर्घटना
सड़क परिवहन मंत्रालय की 2018 की सलाह के अनुसार बीमा कंपनियों का डेटा रोज़ VAHAN डेटाबेस में जाता है, और अगर mParivahan या eChallan ऐप में आपकी गाड़ी के साथ चालू पॉलिसी दिख रही है, तो बीमा की काग़ज़ी कॉपी पर ज़ोर नहीं दिया जाना चाहिए। रिन्यू के कुछ दिन बाद ऐप में जाँच लीजिए कि नई पॉलिसी दिख रही है।
दुर्घटना हो जाए, तो क्लेम में कौन-से कागज़ लगते हैं, यह दुर्घटना और बीमा क्लेम वाले पेज पर है। गाड़ी का PUC भी उसी समय देख लें; उसकी अवधि PUC वाले पेज से निकल जाती है।
रिन्यू की तारीख कैसे याद रखें
हाथ से: पॉलिसी की PDF फ़ोन में रखिए, और ख़त्म होने से 15 दिन पहले की कैलेंडर एंट्री बनाइए। बीमा के कागज़ फ़ोन में कैसे सहेजें, यह बीमा दस्तावेज़ों वाली गाइड में है।
Paperlock में पॉलिसी की PDF डालेंगे, तो ऐप उसकी आख़िरी तारीख पढ़ लेता है और, रिमाइंडर चालू हों तो, 30 और 7 दिन पहले याद दिलाता है। “कार का बीमा कब ख़त्म हो रहा है?” पूछिए, पॉलिसी सामने होगी।
यह पेज अक्टूबर 2026 में IRDAI, सड़क परिवहन मंत्रालय और India Code पर उपलब्ध जानकारी पर आधारित है। पॉलिसी की असली शर्तें आपकी पॉलिसी में हैं; अपनी बीमा कंपनी से पुष्टि करें।